
कोटा में इस साल डेंगू के मुकाबले स्क्रब टायफस के मरीजों की संख्या स्वास्थ्य विभाग के लिए चिंता का विषय बन गई है। चिकित्सा विभाग के अनुसार, अब तक जिले में डेंगू के 50 मरीज सामने आए हैं, जबकि स्क्रब टायफस से संक्रमित मरीजों की संख्या 104 तक पहुंच चुकी है। विशेषज्ञों के अनुसार, स्क्रब टायफस एक संक्रमणकारी बीमारी है, जो संक्रमित चिगर माइट के काटने से फैलती है। पहले यह बीमारी मुख्य रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में देखी जाती थी, लेकिन अब शहरी इलाकों में भी इसके मामले तेजी से सामने आ रहे हैं। विज्ञान नगर, कुन्हाड़ी और इटावा ग्रामीण ब्लॉक को प्रमुख प्रभावित क्षेत्रों में शामिल किया गया है। मानसून के दौरान नमी और झाड़ियों के बढ़ने से संक्रमण फैलने का खतरा और बढ़ सकता है। ऐसे में मानसून के बाद स्थिति और चुनौतीपूर्ण होने की आशंका जताई जा रही है। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से साफ-सफाई रखने, झाड़ियों और घास वाले क्षेत्रों में सावधानी बरतने तथा बुखार, सिरदर्द या शरीर में दर्द जैसे लक्षण होने पर तुरंत चिकित्सकीय सलाह लेने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि समय रहते सावधानी बरतने से बीमारी के प्रसार को नियंत्रित किया जा सकता है।